अटुमोबाइल अटुम 1.0: बिना लाइसेंस वाली रेट्रो इलेक्ट्रिक बाइक का पूरा रिव्यू

Atumobile Atum 1.0 Electric Motorcycle
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आजकल भारतीय सड़कों पर इलेक्ट्रिक गाड़ियों की बाढ़ सी आ गई है। पेट्रोल की बढ़ती कीमतों और पर्यावरण को लेकर लोगों की बढ़ती जागरूकता ने इलेक्ट्रिक वाहनों के बाजार को बहुत तेजी से बढ़ाया है। हर दिन कोई न कोई नई इलेक्ट्रिक स्कूटर या बाइक लांच हो रही है। बाजार में आपको कई ऐसे इलेक्ट्रिक स्कूटर मिल जाएंगे जो आधुनिक तकनीक और कनेक्टिविटी फीचर्स से भरे हुए हैं। लेकिन इस भीड़ में कुछ गाड़ियां ऐसी होती हैं जो अपनी एक अलग पहचान बनाती हैं। अगर आप भी पेट्रोल के झंझट से दूर होना चाहते हैं और एक ऐसी इलेक्ट्रिक बाइक की तलाश में हैं जो दिखने में सबसे अलग हो, तो आज हम एक बेहद खास विकल्प पर बात करेंगे। हैदराबाद की एक स्टार्टअप कंपनी अटुमोबाइल ने भारतीय बाजार में एक ऐसी इलेक्ट्रिक बाइक उतारी है जो रेट्रो कैफे रेसर लुक के साथ आती है। इसका नाम अटुमोबाइल अटुम 1.0 है। यह बाइक उन लोगों के लिए एक बेहतरीन विकल्प बनकर उभरी है जो कम दूरी के लिए एक स्टाइलिश और किफायती सवारी चाहते हैं। इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की दुनिया में ज्यादातर लोग स्कूटर खरीदना पसंद करते हैं क्योंकि उसमें सामान रखने की जगह होती है, लेकिन कुछ राइडर्स ऐसे होते हैं जिन्हें मोटरसाइकिल चलाने का ही शौक होता है। ऐसे ही शौकीन लोगों के लिए अटुमोबाइल ने इस उत्पाद को तैयार किया है। इस लेख में हम इस बाइक के डिजाइन, बैटरी पैक, मोटर, रेंज और कीमत से जुड़ी हर छोटी बड़ी जानकारी पर विस्तार से चर्चा करेंगे ताकि आप यह तय कर सकें कि यह बाइक आपके लिए सही है या नहीं। हम इसके असली उपयोग और इसकी कमियों पर भी खुलकर बात करेंगे।

विंटेज कैफे रेसर डिजाइन और शानदार लुक

जब हम इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर के बारे में सोचते हैं, तो हमारे दिमाग में अक्सर फाइबर बॉडी वाले पारंपरिक स्कूटर या स्पोर्टी लुक वाली भारी भरकम बाइक की तस्वीर आती है। लेकिन अटुम 1.0 इन सब से बिल्कुल अलग है। इस बाइक का डिजाइन पुराने जमाने की कैफे रेसर बाइक्स से प्रेरित है, जिसे आप अक्सर फिल्मों में देखते होंगे। इसका लुक इतना आकर्षक है कि जब आप इसे सड़क पर लेकर निकलेंगे, तो लोग इसे मुड़कर जरूर देखेंगे और आपसे इसके बारे में सवाल पूछेंगे। कंपनी ने इसके डिजाइन को बहुत ही मिनिमलिस्टिक और साफ सुथरा रखा है। इसमें आपको कोई फालतू के प्लास्टिक पैनल, नकली ग्रिल या भारी भरकम फेयरिंग नहीं मिलती है। बाइक का फ्रेम बहुत ही मजबूत स्टील से बना है और इसका सीधा साधा ढांचा इसे एक रफ एंड टफ लुक देता है। यह फ्रेम इतनी अच्छी गुणवत्ता का है कि यह लंबे समय तक जंग या टूट फूट से बचा रह सकता है।

इसके फ्रंट में आपको एक गोल एलईडी हेडलाइट मिलती है जो इसके रेट्रो अपील को और बढ़ा देती है। रात के समय यह हेडलाइट सड़क पर काफी अच्छी रोशनी देती है जिससे राइडर को सामने का रास्ता साफ दिखाई देता है। हेडलाइट के साथ ही इसमें दिए गए इंडिकेटर्स और टेललाइट भी पूरी तरह से एलईडी हैं जो इसकी बैटरी की खपत को कम करते हैं। बाइक में स्पोक व्हील्स का इस्तेमाल किया गया है जो पुराने समय की क्लासिक बाइक्स की याद दिलाते हैं। इसके अलावा इसमें 4 इंच चौड़े टायर्स दिए गए हैं जो न सिर्फ दिखने में शानदार लगते हैं बल्कि सड़क पर एक बेहतरीन ग्रिप भी प्रदान करते हैं। चाहे कच्चा रास्ता हो या पक्की सड़क, ये चौड़े टायर्स आपको फिसलने से बचाते हैं। अगर हम इसके डायमेंशन की बात करें तो इस बाइक का ग्राउंड क्लीयरेंस 280 mm है, जो भारतीय सड़कों के गड्ढों और स्पीड ब्रेकर को पार करने के लिए बहुत ही शानदार है। आपको इसे चलाते समय नीचे से टकराने का कोई डर नहीं रहता। इसकी सीट की ऊंचाई 750 mm रखी गई है, जिसका मतलब है कि कम हाइट वाले लोग भी इसे बहुत ही आसानी से चला सकते हैं और ट्रैफिक में आराम से अपने पैर जमीन पर टिका सकते हैं। इसका कुल वजन लगभग 108 किलो है, जिससे इसे भारी ट्रैफिक में कंट्रोल करना काफी आसान हो जाता है।

बैटरी पैक, चार्जिंग की सुविधा और बेहतरीन रेंज

किसी भी इलेक्ट्रिक वाहन की जान उसकी बैटरी होती है और अटुम 1.0 के मामले में भी यह बात पूरी तरह से लागू होती है। अटुम 1.0 में कंपनी ने 48V 26Ah की हाई क्वालिटी लिथियम आयन बैटरी का इस्तेमाल किया है। यह एक पोर्टेबल बैटरी पैक है जिसका वजन मात्र 6 किलो है। इस बैटरी को बाइक से बाहर निकालना बहुत ही आसान है। इसमें एक छोटा सा हैंडल लगा हुआ है जिसकी मदद से आप इसे एक छोटे सूटकेस की तरह उठाकर आसानी से अपने घर या ऑफिस में ले जाकर चार्ज कर सकते हैं। यह फीचर उन लोगों के लिए बहुत काम आता है जो ऊंची इमारतों या फ्लैट्स में रहते हैं और जिनके पास पार्किंग में चार्जिंग की विशेष सुविधा नहीं है। बैटरी को घर में रखकर आप इसे बारिश या चोरी के खतरे से भी बचा सकते हैं।

अब बात करते हैं रेंज की जो कि इलेक्ट्रिक गाड़ियों के मामले में सबसे बड़ा सवाल होता है। कंपनी का दावा है कि यह इलेक्ट्रिक बाइक एक बार फुल चार्ज होने पर 100 km तक की रेंज देती है। शहर के अंदर रोजमर्रा के कामों, जैसे ऑफिस जाना, सब्जी बाजार जाना या दोस्तों से मिलने जाने के लिए 100 km की रेंज बहुत ही पर्याप्त होती है। अगर आप दिन भर में 20 से 30 km भी चलते हैं, तो आपको इसे हर दिन चार्ज करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। आप इसे हफ्ते में सिर्फ दो या तीन बार चार्ज करके अपना काम चला सकते हैं। इसे चार्ज करने के लिए किसी विशेष और महंगे चार्जिंग स्टेशन की आवश्यकता नहीं होती है। आप इसे अपने घर के सामान्य 3-पिन सॉकेट से भी चार्ज कर सकते हैं, ठीक वैसे ही जैसे आप अपना मोबाइल या लैपटॉप चार्ज करते हैं। इस बैटरी को 0 से 100 प्रतिशत तक चार्ज होने में लगभग 3-4 घंटे का समय लगता है। इसका मतलब है कि आप इसे रात में सोते समय या ऑफिस में काम करते समय आसानी से चार्ज कर सकते हैं। कंपनी इस बैटरी और मोटर पर 2 साल की वारंटी भी दे रही है जो ग्राहकों के मन में एक भरोसा जगाती है कि अगर कुछ खराबी आती है तो कंपनी उसका समाधान करेगी।

मोटर परफॉरमेंस और बिना लाइसेंस वाली सवारी के फायदे

Atumobile Atum 1.0
Atumobile Atum 1.0

अटुम 1.0 एक लो-स्पीड इलेक्ट्रिक बाइक है। इसमें 250W का इलेक्ट्रिक हब मोटर लगा हुआ है जो पिछले पहिये में फिट किया गया है। इस मोटर की पावर की वजह से बाइक की टॉप स्पीड 25 kmph तक सीमित रखी गई है। शुरुआत में जब आप इसके बारे में पढ़ते हैं तो आप सोचेंगे कि 25 kmph की स्पीड बहुत कम है, लेकिन इस कम स्पीड का अपना एक बहुत बड़ा फायदा है जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। भारतीय मोटर वाहन नियमों के अनुसार, जिस भी इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर की टॉप स्पीड 25 kmph से कम होती है और जिसमें 250W तक का मोटर लगा होता है, उसे चलाने के लिए किसी भी तरह के ड्राइविंग लाइसेंस या आरटीओ रजिस्ट्रेशन की जरूरत नहीं होती है। इसका सीधा मतलब यह है कि आपको इसे खरीदने के बाद नंबर प्लेट के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा और न ही इसके लिए रोड टैक्स देना होगा।

यह नियम इस बाइक को स्कूल और कॉलेज जाने वाले छात्रों, बुजुर्गों और उन लोगों के लिए एक परफेक्ट सवारी बनाता है जो आरटीओ के कागजी झमेलों और लाइसेंस बनवाने की लंबी प्रक्रिया से बचना चाहते हैं। इसके अलावा, आपको इसे चलाने के लिए कानूनी तौर पर हेलमेट पहनने की भी अनिवार्यता नहीं है। शहर के भारी ट्रैफिक में 25 kmph की स्पीड से चलना कोई बड़ी परेशानी नहीं है क्योंकि ज्यादातर समय सड़कों पर गाड़ियों की औसत गति इसी के आसपास रहती है। मोटर का रिस्पांस काफी स्मूथ है। जब आप इसका एक्सीलरेटर घुमाते हैं, तो यह बिना किसी झटके के आगे बढ़ती है। यह मोटर बिना किसी शोर शराबे के एक शांत और आरामदायक राइड का अनुभव कराता है। हालांकि, अगर आपको स्पीड का बहुत शौक है और आप खाली हाईवे पर तेज हवा से बातें करना पसंद करते हैं, तो शायद यह गति आपको थोड़ी निराश कर सकती है। लेकिन सुरक्षित और शांत ड्राइविंग के शौकीनों के लिए यह एकदम सही है।

सस्पेंशन, ब्रेक्स और अन्य उपयोगी हार्डवेयर की जानकारी

एक अच्छी राइड क्वालिटी के लिए बाइक का सस्पेंशन और ब्रेकिंग सिस्टम बहुत महत्वपूर्ण होता है, खासकर जब बात भारत की उबड़ खाबड़ सड़कों की हो। अटुम 1.0 में राइडर के आराम का पूरा ध्यान रखा गया है। इसके फ्रंट में मजबूत टेलीस्कोपिक सस्पेंशन दिए गए हैं जो सड़कों के झटके और गड्ढों के असर को आसानी से सोख लेते हैं। हालांकि इसके पिछले हिस्से में आपको कोई पारम्परिक स्प्रिंग वाला सस्पेंशन नहीं मिलता है। कंपनी ने इसकी भरपाई इसके मोटे और चौड़े टायर्स से की है। इसके 4 इंच मोटे टायर्स कुशन का काम करते हैं और राइड को काफी हद तक आरामदायक बनाते हैं।

सुरक्षा के लिहाज से इस बाइक के दोनों पहियों में मैकेनिकल डिस्क ब्रेक्स दिए गए हैं। अमूमन इस कीमत की गाड़ियों में आगे डिस्क और पीछे ड्रम ब्रेक मिलते हैं, लेकिन अटुम 1.0 ने दोनों तरफ डिस्क ब्रेक देकर ब्रेकिंग को बहुत ही प्रभावशाली बना दिया है। 25 kmph की टॉप स्पीड को देखते हुए ये डिस्क ब्रेक्स बहुत ही असरदार हैं और अचानक ब्रेक लगाने पर बाइक को बहुत ही कम दूरी में बिना फिसले सुरक्षित तरीके से रोक देते हैं। इसके अलावा, इस बाइक में आपको हैंडलबार के बीच में एक साधारण लेकिन काम का डिजिटल डिस्प्ले मिलता है। यह स्क्रीन बहुत ज्यादा चमक दमक वाली नहीं है लेकिन यह बैटरी लेवल, ओडोमीटर और स्पीड जैसी सभी जरूरी जानकारी बहुत स्पष्ट तरीके से दिखाती है। एक और खास बात यह है कि इस बाइक के टैंक वाले हिस्से में 14 लीटर का स्टोरेज स्पेस दिया गया है। पारम्परिक बाइक्स में जहां पेट्रोल की टंकी होती है, वहां इस बाइक में एक कम्पार्टमेंट बनाया गया है जिसे आप चाबी से खोल सकते हैं। इस 14 लीटर की जगह में आप अपना चार्जर, पानी की बोतल, कुछ कागजात या छोटा मोटा ग्रोसरी का सामान आसानी से रख सकते हैं। यह फीचर इसे रोजमर्रा के इस्तेमाल के लिए बहुत ही प्रैक्टिकल बनाता है।

अटुमोबाइल अटुम 1.0 के तकनीकी विवरण की पूरी सूची

नीचे दी गई टेबल में आप इस इलेक्ट्रिक बाइक के सभी प्रमुख स्पेसिफिकेशन्स को एक साथ पढ़ सकते हैं जिससे आपको इसकी क्षमताओं का पूरा और सटीक अंदाजा लग जाएगा।

फीचर का नामविवरण
बाइक का प्रकारकैफे रेसर रेट्रो इलेक्ट्रिक बाइक
बैटरी पैक48V 26Ah लिथियम आयन
बैटरी का वजन6 किलो
मोटर पावर250W हब मोटर
अधिकतम गति25 kmph
फुल चार्ज पर रेंज100 km
चार्जिंग का समय3-4 घंटे
ब्रेकिंग सिस्टमफ्रंट और रियर दोनों पहियों में डिस्क ब्रेक
व्हील साइज और प्रकार4 इंच चौड़े टायर्स के साथ रेट्रो स्पोक व्हील्स
सस्पेंशनआगे टेलीस्कोपिक फोर्क
ग्राउंड क्लीयरेंस280 mm
सीट की ऊंचाई750 mm
बूट स्पेस क्षमता14 लीटर (टैंक की जगह पर)
वारंटी विवरणबैटरी और मोटर पर 2 साल की वारंटी
लाइसेंस और रजिस्ट्रेशनचलाने के लिए जरूरत नहीं है

कीमत और हर रोज इसे चलाने का खर्च

किसी भी इलेक्ट्रिक गाड़ी को खरीदते समय उसकी शुरुआती कीमत और उसे रोज चलाने का खर्च सबसे ज्यादा मायने रखता है। अटुमोबाइल अटुम 1.0 की एक्स-शोरूम कीमत भारत के अधिकांश शहरों, जैसे दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु में लगभग 60,000 रुपये से लेकर 61,500 रुपये के बीच है। राज्य सरकार की तरफ से मिलने वाली सब्सिडी और डीलरशिप ऑफर्स के आधार पर यह कीमत थोड़ी बहुत बदल सकती है। आज के समय में जहां अच्छे इलेक्ट्रिक स्कूटर 1 लाख रुपये से ऊपर की कीमत में आते हैं, वहां 60 हजार की कीमत में एक ऐसी बाइक मिलना जिसका फ्रेम लाइफटाइम चलने के लिए बना हो और जो 100 km की रेंज देती हो, यकीनन एक अच्छा सौदा है।

इस बाइक को रोज चलाने का खर्च सुनकर आप हैरान रह जाएंगे। कंपनी के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, यह इलेक्ट्रिक बाइक पेट्रोल से चलने वाली गाड़ियों के मुकाबले बहुत ही ज्यादा किफायती है। इसे 100 km चलाने का खर्च मुश्किल से 7 से 10 रुपये आता है। यह आपके घर की बिजली की दर पर निर्भर करता है। अगर आप इसकी तुलना एक सामान्य पेट्रोल बाइक से करें जो 50 से 60 का माइलेज देती है, तो पेट्रोल बाइक पर आपका 100 km का खर्च लगभग 160 से 180 रुपये आएगा। इस हिसाब से अटुम 1.0 आपके हर महीने के परिवहन खर्च में एक भारी कटौती कर सकती है। जो पैसे आप पेट्रोल पंप पर खर्च करते, वे सारे पैसे अब आपके बैंक खाते में बचेंगे। साथ ही इसमें इंजन ऑयल बदलने, क्लच प्लेट जलने या स्पार्क प्लग खराब होने जैसी कोई समस्या नहीं होती है। आपको सर्विस सेंटर के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे, इसलिए इसका मेंटेनेंस खर्च भी लगभग शून्य के बराबर है। आपको बस समय समय पर इसके ब्रेक पैड और टायर्स की हवा चेक करनी होती है।

यह बाइक किसके लिए सबसे सही विकल्प है

हर गाड़ी हर इंसान की जरूरत को पूरा नहीं कर सकती है और अटुम 1.0 के साथ भी ऐसा ही है। यह कोई हाई स्पीड स्पोर्ट्स बाइक नहीं है जिससे आप हाईवे पर लंबी दूरी तय कर सकें या रेसिंग का मजा ले सकें। यह पूरी तरह से शहर के अंदर चलने और रोजमर्रा के काम निपटाने के लिए डिजाइन की गई है।

  • यह बाइक उन लोगों के लिए बहुत अच्छी है जो अपने घर से ऑफिस या दुकान तक जाने के लिए एक सस्ता और किफायती साधन चाहते हैं।
  • यह कॉलेज और स्कूल जाने वाले युवाओं के लिए एक शानदार विकल्प है क्योंकि इसके लिए न तो उम्र की कोई कानूनी पाबंदी है और न ही लाइसेंस बनवाने का झंझट है। वे इसे शान से चलाकर कॉलेज जा सकते हैं।
  • जो लोग पर्यावरण को लेकर सचेत हैं और अपना कार्बन फुटप्रिंट कम करना चाहते हैं, उनके लिए यह एक बेहतरीन और स्टाइलिश साधन है जो हवा को प्रदूषित नहीं करता।
  • अगर आपके घर में बुजुर्ग हैं जिन्हें आस पास के बाजार से सामान लाने के लिए एक हल्की और सुरक्षित गाड़ी की जरूरत है, तो कम स्पीड और आरामदायक सीट की वजह से वे इसे आसानी से चला सकते हैं।
  • कैफे रेसर लुक की वजह से यह उन कस्टम बिल्डर्स और मॉडिफिकेशन पसंद करने वाले लोगों के लिए भी एक अच्छा कैनवास है जो गाड़ियों के लुक के साथ प्रयोग करना पसंद करते हैं।

हमारी स्पष्ट राय

अटुमोबाइल अटुम 1.0 भारतीय बाजार में एक बहुत ही साहसिक प्रयोग है। कंपनी ने एक ऐसा उत्पाद बनाया है जो बाजार में मौजूद बाकी सभी ई-स्कूटर की भीड़ से बिल्कुल अलग दिखता है। इसका रेट्रो कैफे रेसर डिजाइन इसे एक अलग पहचान देता है। मजबूत फ्रेम और चौड़े टायर्स इसे गांव की कच्ची सड़कों पर भी चलने लायक बनाते हैं। पोर्टेबल बैटरी का विकल्प इसे इस्तेमाल करने में बहुत आसान बनाता है और 100 km की रेंज शहर के अंदर रोज घूमने के लिए बहुत ही शानदार है। 25 kmph की टॉप स्पीड निश्चित तौर पर कुछ लोगों को निराश कर सकती है, खासकर जब आपको लंबी दूरी जल्दी तय करनी हो। लेकिन जब आप बिना लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन वाले फायदों को देखते हैं, तो यह गति भी बहुत उचित लगने लगती है।

अगर आप स्पीड के दीवाने नहीं हैं और आपको केवल एक ऐसी सवारी चाहिए जो आपको बिना पेट्रोल का खर्चा बढ़ाए एक जगह से दूसरी जगह तक सुरक्षित पहुंचा दे, जिसे चलाना बहुत ही आसान हो और जिसे देखकर सड़क पर लोग मुड़कर आपकी तरफ देखें, तो लगभग ₹60 हजार रुपये की कीमत में अटुम 1.0 आपके लिए एक बहुत ही समझदारी भरा चुनाव हो सकता है। यह न सिर्फ आपके पैसे बचाएगी बल्कि शहर के बढ़ते प्रदूषण को कम करने में भी आपकी पूरी मदद करेगी। इस कीमत बिंदु पर एक स्टाइलिश, मजबूत और कम खर्चीली इलेक्ट्रिक बाइक ढूँढना मुश्किल है, और अटुम 1.0 ठीक इसी कमी को पूरा करती है।

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