ओबेन इलेक्ट्रिक की बड़ी तैयारी: मधुमिता अग्रवाल ने बताया कैसे इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल बदलेगी भारत की तस्वीर

CEO Of Oben Electric
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भारत में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर का बाजार अब तक मुख्य रूप से स्कूटरों तक ही सीमित रहा है। लेकिन ओबेन इलेक्ट्रिक की संस्थापक और सीईओ मधुमिता अग्रवाल का मानना है कि असली अवसर मोटरसाइकिल सेगमेंट में छिपा है। एक हालिया साक्षात्कार में उन्होंने कंपनी की भविष्य की योजनाओं और तकनीक पर विस्तार से चर्चा की। उनका लक्ष्य भारत के विशाल कम्यूटर आधार को एक ऐसा विकल्प देना है जो न केवल पर्यावरण के अनुकूल हो बल्कि प्रदर्शन में भी बेजोड़ हो।

मोटरसाइकिल सेगमेंट पर अटूट भरोसा

ओबेन इलेक्ट्रिक का मानना है कि भारतीय बाजार में इलेक्ट्रिक स्कूटरों की भरमार है लेकिन इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल के क्षेत्र में अभी भी एक बड़ा खालीपन है। मधुमिता अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि उनकी कंपनी एक समर्पित मोटरसाइकिल ब्रांड बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा मोटरसाइकिल बाजार है और इस बड़े उपभोक्ता वर्ग की जरूरतों को अभी तक पूरी तरह से संबोधित नहीं किया गया है। कंपनी का ध्यान अब टियर 1 से लेकर टियर 4 शहरों तक अपनी पहुंच मजबूत करने पर है।

एलएफपी बैटरी तकनीक का चुनाव

LFP Battery
LFP Battery

बैटरी की लंबी उम्र और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ओबेन इलेक्ट्रिक ने एनएमसी के बजाय एलएफपी (LFP) बैटरी तकनीक को चुना है। सीईओ के अनुसार एलएफपी तकनीक दोपहिया वाहनों के लिए अधिक टिकाऊ और किफायती है। कंपनी ने कारों में इस्तेमाल होने वाली एलएफपी तकनीक को मोटरसाइकिल के लिए अनुकूलित किया है। यह तकनीक बैटरी को लगभग आठ साल तक चलाने में सक्षम बनाती है और उसके बाद भी बैटरी काम करना जारी रखती है हालांकि प्रदर्शन में थोड़ा बदलाव आ सकता है।

स्थानीय उत्पादन और आत्मनिर्भरता

ओबेन इलेक्ट्रिक अपने उत्पादों के स्थानीयकरण पर बहुत जोर दे रही है। कंपनी के उत्पादों का लगभग 99 प्रतिशत हिस्सा भारत में ही तैयार किया जाता है। हालांकि सेल और मैग्नेट जैसे कुछ घटक वैश्विक स्तर पर आयात किए जाते हैं लेकिन सभी महत्वपूर्ण पुर्जों का निर्माण कंपनी के भीतर ही होता है। ब्रेक्स और सस्पेंशन जैसे अन्य सामान घरेलू स्तर पर ही खरीदे जाते हैं। यह रणनीति न केवल लागत कम करती है बल्कि उत्पाद की गुणवत्ता पर भी बेहतर नियंत्रण प्रदान करती है।

ग्राहक सेवा और भविष्य के लक्ष्य

अगले दो से तीन वर्षों के लिए कंपनी का मुख्य उद्देश्य आफ्टर सेल्स सर्विस और ग्राहकों का विश्वास जीतना है। मधुमिता का मानना है कि ओईएम और उपभोक्ता के बीच का रिश्ता लंबे समय का होता है। जैसे-जैसे सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ रही है सेवा केंद्रों की गुणवत्ता और उपलब्धता सबसे महत्वपूर्ण हो जाती है। वर्तमान में कंपनी के पास 100 से अधिक स्टोर और कई डीलर पार्टनर हैं जिन्हें आने वाले समय में और भी बढ़ाया जाएगा।

उपभोक्ता क्यों चुनें इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल

एक पेट्रोल बाइक चलाने वाले व्यक्ति को इलेक्ट्रिक की ओर आकर्षित करने के लिए ओबेन इलेक्ट्रिक कुछ खास पहलुओं पर काम कर रही है। मधुमिता अग्रवाल के अनुसार एक सफल इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल के लिए निम्नलिखित गुण आवश्यक हैं:

  • बेहतरीन डिजाइन जो एक स्टेटस सिंबल की तरह दिखे।
  • जबरदस्त परफॉर्मेंस और तेज एक्सीलरेशन।
  • दैनिक उपयोग के लिए पर्याप्त रेंज।
  • सवारी का अनुभव जो पेट्रोल बाइक की तुलना में बेहतर या उसके बराबर हो।
  • परिचालन लागत में भारी बचत।

ओबेन इलेक्ट्रिक का संक्षिप्त विवरण

नीचे दी गई तालिका कंपनी की वर्तमान स्थिति और तकनीकी प्राथमिकताओं को दर्शाती है:

विवरणजानकारी
मुख्य फोकसइलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल सेगमेंट
बैटरी केमिस्ट्रीएलएफपी (LFP) टेक्नोलॉजी
स्थानीयकरण स्तरलगभग 99 प्रतिशत
वर्तमान उत्पादन क्षमता1 लाख यूनिट
बैटरी की लाइफलगभग 8 साल
स्टोर की संख्या100 से अधिक

सामान्य प्रश्न (FAQ)

  1. ओबेन इलेक्ट्रिक केवल मोटरसाइकिल पर ही क्यों ध्यान दे रही है?
    • क्योंकि भारत दुनिया का सबसे बड़ा मोटरसाइकिल बाजार है और इस सेगमेंट में इलेक्ट्रिक विकल्पों की बहुत कमी है।
  2. कंपनी एलएफपी (LFP) बैटरी का उपयोग क्यों करती है?
    • एलएफपी बैटरी अधिक सुरक्षित होती है और एनएमसी की तुलना में इसकी लाइफ भी लंबी होती है।
  3. ओबेन इलेक्ट्रिक के कितने पुर्जे भारत में बनते हैं?
    • कंपनी का दावा है कि उनके उत्पादों का लगभग 99 प्रतिशत हिस्सा स्थानीय स्तर पर तैयार किया जाता है।
  4. क्या बैटरी खत्म होने के बाद स्कूटर या बाइक बेकार हो जाती है?
    • नहीं, कंपनी की बैटरी लगभग आठ साल के लिए डिजाइन की गई है और उसके बाद भी यह काम करती रहती है।
  5. कंपनी के विस्तार की क्या योजना है?
    • कंपनी टियर 1 से टियर 4 शहरों में अपने स्टोर बढ़ा रही है और उत्पादन क्षमता को 1 लाख यूनिट तक ले जा रही है।

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