मर्सिडीज-बेंज का मास्टर प्लान, अगले 18 महीनों में भारतीय बाजार में आएगी इलेक्ट्रिक कारों की बाढ़

Mercedes Benz EV
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भारत में लग्जरी कारों की बादशाहत रखने वाली कंपनी मर्सिडीज-बेंज अब इलेक्ट्रिक वाहन (EV) सेगमेंट में एक बड़ी क्रांति लाने की तैयारी में है। कंपनी ने घोषणा की है कि अगले 18 से 20 महीनों के भीतर भारतीय बाजार में कई नए इलेक्ट्रिक मॉडल्स उतारे जाएंगे। इस रणनीतिक विस्तार की शुरुआत हाल ही में लॉन्च हुई मर्सिडीज-बेंज सीएलए बीईवी के साथ हो चुकी है, जिसकी शुरुआती कीमत ₹55 लाख रखी गई है। मर्सिडीज का लक्ष्य हर सेगमेंट में एक इलेक्ट्रिक विकल्प पेश करना है ताकि भारतीय ग्राहकों को लग्जरी के साथ-साथ सस्टेनेबल मोबिलिटी का बेहतरीन अनुभव मिल सके।

एंट्री सेगमेंट में धमाकेदार वापसी

मर्सिडीज-बेंज इंडिया के प्रबंध निदेशक और सीईओ, संतोष अय्यर के अनुसार, कंपनी के पोर्टफोलियो में एंट्री-लेवल लग्जरी ईवी की कमी थी, जिसे नई सी एल ए (CLA) ने पूरा कर दिया है।

  • शानदार रेंज: यह गाड़ी एक बार चार्ज करने पर 542 km से लेकर 792 km तक की प्रभावशाली रेंज प्रदान करती है।
  • बदलता बाजार: कंपनी ने पिछले 20 दिनों में ही 400 से ज्यादा बुकिंग्स हासिल कर ली हैं, जो दर्शाता है कि भारतीय ग्राहक लग्जरी ईवी के लिए पूरी तरह तैयार हैं। जुलाई के अंत तक यह मॉडल पहले ही सोल्ड-आउट हो चुका है।

अगले 18 महीनों का रोडमैप

Mercedes Benz
Mercedes Benz

मर्सिडीज-बेंज वैश्विक स्तर पर 40 से अधिक नए मॉडल्स लॉन्च करने की योजना बना रही है, जिनमें से अधिकांश इलेक्ट्रिक होंगे। भारत के लिए कंपनी का प्लान बेहद स्पष्ट है:

  1. GLC BEV और C-Class EV: कंपनी आने वाले समय में अपने सबसे लोकप्रिय मॉडल्स जीएलसी (GLC) और सी-क्लास (C-Class) के इलेक्ट्रिक अवतार भारत लाएगी।
  2. नेक्स्ट-जेन प्लेटफॉर्म: ये सभी वाहन मर्सिडीज के नए एमएमए (MMA) प्लेटफॉर्म पर आधारित होंगे, जो 800-वोल्ट आर्किटेक्चर के साथ आते हैं, जिससे चार्जिंग बेहद तेज़ हो जाती है।

टॉप-एंड लग्जरी सेगमेंट में मजबूत पकड़

जहाँ एक ओर कंपनी एंट्री सेगमेंट पर ध्यान दे रही है, वहीं ₹1.4 करोड़ से ऊपर की प्रीमियम कारों में भी मर्सिडीज का दबदबा कायम है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में, ईक्यूएस एसयूवी, ईक्यूएस मायबैक और इलेक्ट्रिक जी-क्लास (G-Class) जैसे मॉडल्स की कुल टॉप-एंड बिक्री में 20 प्रतिशत हिस्सेदारी रही है। यह आंकड़े साबित करते हैं कि रईस भारतीय ग्राहकों के बीच इलेक्ट्रिक लग्जरी का क्रेज तेजी से बढ़ रहा है।

बिक्री में ईवी (EV) का बढ़ता योगदान

वर्तमान में, मर्सिडीज-बेंज इंडिया की कुल बिक्री में इलेक्ट्रिक वाहनों का योगदान लगभग 6-8 प्रतिशत है। संतोष अय्यर का मानना है कि जैसे-जैसे अगले 12 से 18 महीनों में पोर्टफोलियो पूरा होगा, यह हिस्सेदारी काफी तेजी से बढ़ेगी। फिलहाल कंपनी का पारंपरिक इंजन (ICE) सेगमेंट भी लगातार बढ़ रहा है, लेकिन भविष्य की नींव बैटरी इलेक्ट्रिक वाहनों (BEV) पर ही टिकी है।

चार्जिंग और तकनीक

नई मर्सिडीज-बेंज सीएलए कंपनी की पहली ऐसी कार है जो अत्याधुनिक 800-वोल्ट तकनीक का उपयोग करती है। यह न केवल लंबी दूरी तय करने में सक्षम है, बल्कि इसे बहुत कम समय में चार्ज भी किया जा सकता है। भारत में चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार के साथ, मर्सिडीज के ये नए ‘बिल्डिंग ब्लॉक्स’ ब्रांड को ईवी मार्केट का लीडर बनाने में मदद करेंगे।

भारतीय ईवी बाजार के लिए एक नया सवेरा

मर्सिडीज-बेंज इंडिया की यह आक्रामक रणनीति दर्शाती है कि भारत अब केवल एक उभरता हुआ बाजार नहीं, बल्कि इलेक्ट्रिक मोबिलिटी के लिए एक परिपक्व केंद्र बन चुका है। अगले डेढ़ साल में आने वाले नए मॉडल्स न केवल प्रतिस्पर्धा बढ़ाएंगे, बल्कि ग्राहकों को ₹55 लाख से लेकर करोड़ों रुपये तक के बजट में बेहतरीन विकल्प प्रदान करेंगे। यदि आप लग्जरी और पर्यावरण के प्रति सजगता का संगम चाहते हैं, तो मर्सिडीज-बेंज का भविष्य बेहद उज्ज्वल नजर आता है।

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